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Showing posts from January, 2020

साधु को देखकर दुनिया क्या कहती है

दुनिया क्या कहेगी... एक साधू किसी नदी के पनघट पर गया और पानी पीकर पत्थर पर सिर रखकर सो गया ! पनघट पर पनिहारिन आती-जाती रहती हैं। तो पनिहारिन आईं तो एक ने कहा- "आहा! साधु हो गया, फिर भी तकिए का मोह नहीं गया, पत्थर का ही सही, लेकिन रखा तो है।" पनिहारिन की बात साधु ने सुन ली, "उसने तुरंत पत्थर फेंक दिया"। दूसरी बोली - "साधु हुआ, लेकिन खीज नहीं गई ! अभी तक रोष भी नहीं गया, आखिर तकिया फेंक ही दिया"। तब साधु सोचने लगा - अब वह क्या करें ? तब तीसरी बोली - "बाबा ! यह तो पनघट है, यहाँ तो हमारी जैसी पनिहारिनें आती ही रहेंगी, और बोलती भी रहेंगी, उनके कहने पर तुम बार-बार परिवर्तन करोगे तो साधना कब करोगे" ? लेकिन चौथी ने बहुत ही सुन्दर और एक बड़ी अद्भुत बात कह दी - "क्षमा करना, लेकिन हमको लगता है, तुमने सब कुछ छोड़ा लेकिन अपना चित्त नहीं मोड़ा, चित्त तो अभी भी संसार में रमा हुआ है। दुनिया पाखण्डी कहे तो कहे, तुम जैसे भी हो, अपना काम करते रहो। सच तो यही है, दुनिया का तो काम ही है कहना ! ! आप ऊपर देखकर चलोगे तो लोग कहेंगे की "अभिमानी हो गए...

अगर पृथ्वी पर संत नहीं रही तो क्या होगा

श्री कृष्ण भगवान ने अपनी शक्ति से युधिष्ठिर को उन सर्व महा मण्डलेश्वरों के आगे होने वाले जन्म दिखाए जिसमें किसी ने कैंचवे का, किसी ने भेड़-बकरी, भैंस व शेर आदि के रूप धारण किए थे। यह सब देख कर युधिष्ठिर ने कहा - हे भगवन! फिर तो पृथ्वी संत रहित हो गई है।। भगवान कृष्ण जी ने कहा जब पृथ्वी संत रहित हो जाएगी तो यहाँ आग लग जाएगी। सर्व जीव-जन्तु आपस में लड़ मरेंगे। यह तो पूरे संत की शक्ति से सन्तुलन बना रहता है

INS khukhri भारत और पाकिस्तान लड़ाकू जहाज

INS khukhri लड़ाकू विमान INS कुकरी शुरू करता हूं  पूर्वी पाकिस्तान जो बाद में बांग्लादेश बना वहां पर पाकिस्तानी सेना और छापामार मुक्ति वाहिनी सेना के बीच लड़ाई छिड़ी हुई थी मुक्ति वाहिनी अलग देश की मांग कर रही थी और उनकी लड़ाई में पाकिस्तानियों का मानना था कि इस उफान लेते विद्रोह की वजह छापामार सैनिकों को भारत की दी हुई सह है और यह बात ठीक गई थी क्योंकि पाकिस्तानियों का हुमनराईट को लेकर व्यवहार हद पार कर रहा था और भारत पर सैनिक हस्तक्षेप का दबाव बढ़ रहा था रहा था भारत के सेनाध्यक्ष जनरल  मानक सौन पूरी तरह तैयार थे तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी  चाहती थी कि हमला अप्रैल में हो  3 दिसंबर 1971 में इंदिरा गांधी एक जनसभा को संबोधित कर रहे थे शाम के 5:40 पाकिस्तानी वायु सेना के सेवर जैतसर स्टार फाइटर्स विमानों ने भारतीय वायु सीमा पार करके पठानकोट श्रीनगर अमृतसर जोधपुर और आगरा के सैनिक हवाई अड्डे पर बम गिराने शुरू कर दिऐ है इंदिरा गांधी ने उसी समय दिल्ली लौटने का फैसला किया है दिल्ली में ब्लैक आउट होने के कारण पहले उनके विमान को लखनऊ मोड़ आ गया और फिर 11:00 बजे के आ...

Golden Time Is Coming People will actively participate in social work, public interest work and char

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#RamRajya_Is_Coming

सतयुग में लोग सदाचारी होते थे पराई स्त्री को मां, बेटी व बहन की दृष्टि से देखा जाता था। संत रामपाल जी महाराज के ज्ञान से पुनः विश्व में जागृति आएगी और लोग पराई स्त्री का सम्मान करेंगे उसे मां, बेटी व बहन की दृष्टि से देखेंगे। सतयुग में बच्चे अपने माता-पिता का आदर और सेवा करते थे वर्तमान में संत रामपाल जी महाराज के तत्वज्ञान से लोगों का आध्यात्मिकता की ओर झुकाव होगा और बच्चे अपने माता पिता का आदर और सेवा करेंगे।सतयुग में चारों तरफ हरियाली थी  अनाज और फलों का अभाव नहीं था वर्तमान में संत रामपाल जी महाराज के ज्ञान से पुन: सतयुग आएगा। आध्यात्मिक वातावरण से ऐसा माहौल होगा कि समय पर वर्षा होगी पृथ्वी पर चारों तरफ हरियाली होगी।सतयुग में जातिवाद, समाजवाद, पांखडवाद ये सब कुरीतियों से मानव दूर था। सभ्य समाज की तरह सभी  मिल-जुलकर सुखी से जीवन व्यतीत करते थे। ठीक उसी प्रकार संत रामपाल जी महाराज जी के शिष्य भी जातिवाद, समाजवाद, पाखंडवाद से दूर हटकर सभ्य समाज की तरह मिल-जुलकर सुखी से जीवन व्यतीत करते है।